अमिताभ बच्चन के घर में दिखी ‘बुल आर्ट’ पेंटिंग के बाद सोशल मीडिया पर इसके वास्तु महत्व की चर्चा बढ़ गई है। वास्तु के अनुसार दक्षिण दिशा में सफेद बुल क…और पढ़ें
By Akriti KumariEdited By: Akriti Kumari
Publish Date: Sun, 26 Jul 2026 05:16:38 PM (IST)Updated Date: Sun, 26 Jul 2026 05:16:38 PM (IST)
HighLights
- अमिताभ बच्चन के धर की दीवार पर ‘बुल आर्ट’ पेंटिंग लगी है
- घर या ऑफिस में सफेद बुल की पेंटिंग लगाना शुभ माना जाता है
- दौड़ते हुए बुल की पेंटिंग को घर की दक्षिण दिशा में लगाना चाहिए
धर्म/मनोरंजन डेस्क, नई दिल्ली. अमिताभ बच्चन ने सालों पहले एक तस्वीर शेयर की है। इसमें वह जया बच्चन, अभिषेक बच्चन, ऐश्वर्या राय बच्चन, आराध्या, श्वेता बच्चन, अगस्त्य नंदा और नव्या नवेली नंदा के साथ नजर आ रहे हैं। इस फैमिली फोटो के साथ ही लोगों का ध्यान ‘बुल आर्ट’ (बैल की पेंटिंग) पर गया। इसके बाद से ही सोशल मीडिया पर इस पेंटिंग को लेकर उत्सुकता बढ़ गई है और लोग इसके वास्तु महत्व को जानने के लिए काफी दिलचस्पी दिखा रहे हैं।
वास्तु शास्त्र के अनुसार बुल पेंटिंग लगाने के मुख्य लाभ
वास्तु शास्त्र के विशेषज्ञों के अनुसार, घर या कार्यस्थल पर बुल (बैल) की पेंटिंग लगाना बेहद शुभ और फलदायी माना जाता है। आइए जानते हैं इसके वास्तु फायदे-
- सफेद रंग और सकारात्मकता: वास्तु के अनुसार घर में मुख्य रूप से सफेद बुल की पेंटिंग ही लगानी चाहिए। सफेद रंग शांति, पवित्रता और सकारात्मक ऊर्जा को आकर्षित करने का प्रतीक माना जाता है।
- शक्ति और समृद्धि का प्रतीक: बुल आर्ट मुख्य रूप से शक्ति, गति, प्रभुत्व, आशा और जीवन में समृद्धि का प्रतिनिधित्व करता है।
- आर्थिक स्थिति में तेजी: घर या ऑफिस के किसी खास कोने में दौड़ते हुए बुल की पेंटिंग लगाने से आर्थिक मामलों में आ रही रुकावटें दूर होती हैं और वित्तीय स्थिति में गति और सुधार आता है।
- प्रगति और निरंतर वृद्धि: दौड़ता हुआ बैल जीवन में कभी न रुकने वाली गति, ऊर्जा और हर क्षेत्र में होने वाली वृद्धि को दर्शाता है।
- सफलता की सही दिशा: वास्तुशास्त्र के अनुसार, बुल पेंटिंग को हमेशा घर या ऑफिस की दक्षिण (South) दीवार पर ही टांगना चाहिए। दक्षिण दिशा को सफलता, नाम और प्रसिद्धि से जोड़कर देखा जाता है।
कुल मिलाकर, अमिताभ बच्चन के घर की तरह यदि सही दिशा और नियमों का पालन करते हुए बुल पेंटिंग लगाई जाए, तो यह व्यक्ति के जीवन के विभिन्न पहलुओं पर बेहद अनुकूल और सकारात्मक प्रभाव डालती है।







