इंटरनेट डेस्क। अमेरिका और ईरान के बीच हुआ शांति समझौता अभी तक पूरी तरह से मूर्त रूप भी नहीं लिया है कि अभी से उसके टूटने की बात भी होने लगी है। इस संबंध में ईरान की ओर से बड़ा बयान सामने आया है। खबरों के अनुसार, ईरान ने अब बोल दिया कि लेबनान समेत सभी मोर्चों पर जंग खत्म कराने की जिम्मेदारी अमेरिका की है। अगर समझौते का उल्लंघन होता है, तो इसके लिए वॉशिंगटन को जिम्मेदार माना जाएगा।
ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने पाकिस्तानी विदेश मंत्री इशाक डार से फोन पर बातचीत के दौरान ये बयान दिया है। इजराइल और हिजबुल्लाह के बीच युद्धविराम लागू होने की खबरों के कुछ घंटे बाद हिजबुल्लाह प्रमुख नईम कासिम ने भी बड़ा बयान दया है। उन्होंने बोल दिया कि संगठन इजराइली कब्जे को कभी स्वीकार नहीं करेगा।
दूसरी और ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची आज स्विट्जरलैंड जाने की योजना बना रहे हैं। खबरों के अनुसार, अराघची ने कहा है कि लेबनान में युद्धविराम अमेरिका-ईरान वार्ता के भविष्य के लिए निर्णायक साबित हो सकता है।
डोनाल्ड ट्रंप ने की इजराइली पीएम बेंजामिन नेतन्याहू की तारीफ
वहीं अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने हिजबुल्लाह और इजराइल के बीच सीजफायर पर सहमति के बाद इजराइली पीएम बेंजामिन नेतन्याहू की तारीफ करते हुए बोल दिया कि हम बहुत मजबूती से खड़े रहे और नेतन्याहू एक योद्धा प्रधानमंत्री हैं। उन्हें इसका श्रेय मिलना चाहिए। उन्होंने इजराइल से हिजबुल्लाह के साथ सीजफायर पर सहमत होने का आग्रह किया था। संघर्षविराम को लेकर अमेरिकी राष्ट्रपति ने बयान दिया कि यह एक सकारात्मक कदम है।
PC:aljazeera
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