आइए, एस्ट्रोलॉजर आनंद सागर पाठक से जानते हैं आज का पंचांग, शुभ-अशुभ योग, सूर्योदय-सूर्यास्त और राहुकाल का समय।
तिथि: कृष्ण एकादशी
मास पूर्णिमात: माघ
दिन: बुधवार
संवत्: 2082
सूर्योदय और सूर्यास्त का समय
सूर्योदय का समय: प्रातः 07 बजकर 15 मिनट पर
सूर्यास्त का समय: सायं 05 बजकर 45 मिनट पर
चंद्रोदय का समय: 15 जनवरी को प्रातः 04 बजकर 26 मिनट पर
चंद्रास्त का समय: दोपहर 01 बजकर 49 मिनट पर
आज के शुभ मुहूर्त
अभिजीत मुहूर्त: नहीं है
अमृत काल: दोपहर 03 बजकर 23 मिनट से सायं 05 बजकर 10 मिनट तक
आज के अशुभ समय
राहुकाल: दोपहर 12 बजकर 30 मिनट से दोपहर 01 बजकर 49 मिनट तक
गुलिकाल: प्रातः 11 बजकर 11 मिनट से दोपहर 12 बजकर 30 मिनट तक
यमगण्ड: प्रातः 08 बजकर 34 मिनट से प्रातः 09 बजकर 53 मिनट तक
आज का नक्षत्र
आज चंद्रदेव अनुराधा नक्षत्र में रहेंगे।
अनुराधा नक्षत्र – प्रातः 03:03 बजे तक (15 जनवरी)
सामान्य विशेषताएं – समाज में सम्मानित, आत्मकेंद्रित, आक्रामक, साहसी, बुद्धिमान, मेहनती, विपरीत लिंग के प्रति आकर्षित और सुंदर बाल
नक्षत्र स्वामी – शनि देव
राशि स्वामी – मंगल देव
देवता – मित्रता के देवता
प्रतीक – अंतिम रेखा पर एक फूल
मकर संक्रांति
मकर संक्रांति हर वर्ष 14 जनवरी को मनाई जाती है। इस दिन सूर्य धनु राशि से निकलकर मकर राशि में प्रवेश करते हैं और उत्तरायण का आरंभ होता है। इसे सूर्य देव की उपासना का पर्व माना जाता है। स्नान, दान और तिल-गुड़ के सेवन का विशेष महत्व है।
पोंगल
पोंगल दक्षिण भारत का प्रमुख पर्व है, खासकर तमिलनाडु में। यह सूर्य देव और फसल की समृद्धि को समर्पित होता है। यह चार दिनों तक मनाया जाता है, जिसमें भोगी, पोंगल, मट्टु पोंगल और कन्नम पोंगल शामिल हैं।
षटतिला एकादशी
षटतिला एकादशी पर तिल का दान और भगवान विष्णु की पूजा का विशेष महत्व है। मान्यता है कि इस दिन व्रत और दान करने से पापों का नाश होता है और मोक्ष की प्राप्ति होती है। यह एकादशी मानसिक और आध्यात्मिक शुद्धि का भी प्रतीक मानी जाती है।







