महाशिवरात्रि पर कई तरह के उपाय किए जाते हैं। इनमें कालसर्प और पितृ दोष निवारण भी शामिल है। मध्य प्रदेश में ग्वालियर के ज्योतिषाचार्य सुनील चोपड़ा ने इन दोनों दोषों के निवारण के लिए किए जाने वाले उपायों का सही तरीका बताया है।
By Arvind Dubey
Publish Date: Wed, 26 Feb 2025 10:59:25 AM (IST)
Updated Date: Wed, 26 Feb 2025 11:50:54 AM (IST)
HighLights
- महाशिवरात्रि पर कालसर्प दोष निवारण उपाय
- आज बिल्वपत्र से करें भगवान शंकर की पूजा
- रात में देवाधिदेव महादेव के मंत्रों का जाप करें
नईदुनिया प्रतिनिधि, ग्वालियर। महाशिवरात्रि के आखिरी कुंभ स्नान पर कालसर्प दोष और पितृ दोष को दूर करने के उपाय किए जाते हैं। ज्योतिषाचार्य सुनील चोपड़ा ने बताया कि शिवरात्रि का वर्णन गरुड़ पुराण, स्कंद पुराण, पद्म पुराण और अग्नि पुराण आदि में मिलता है।
शिवरात्रि पर जो व्यक्ति बिल्वपत्र से भगवान शंकर की पूजा करता है और रात में देवाधिदेव महादेव के मंत्रों का जाप करता है, भगवान शिव उसे सुख और मोक्ष प्रदान करते हैं।

कालसर्प दोष निवारण के उपाय
- ज्योतिषाचार्य सुनील चोपड़ा के अनुसार, सातवें घर में केतु और पहले घर में राहु हो और सभी ग्रह एक तरफ हों, तो कालसर्प दोष वैवाहिक जीवन को बहुत बुरी तरह प्रभावित करता है। इससे जीवनसाथी के साथ रिश्ता कमजोर होता है।
- इससे शादीशुदा जिंदगी में कई समस्याएं और तनाव पैदा होता है और व्यावहारिक जीवन को कठिन बना देता है। अगर आप कालसर्प दोष से परेशान हैं, तो आपको महाशिवरात्रि के दिन अपनी क्षमता के अनुसार, चांदी या तांबे के नाग नागिन के जोड़े को किसी मंदिर या फिर बहते हुए जल में प्रवाह कर दें।
- ऐसा करने कालसर्प दोष से मुक्ति मिल जाएगी। साथ ही जीवन की तमाम समस्याओं से छुटकारा मिलता है। महाशिवरात्रि के दिन “ॐ नागकुलाय विद्महे विषदन्ताय धीमहि तन्नो सर्प: प्रचोदयात्” का जाप करें।
- महाशिवरात्रि के दिन शिवलिंग पर दूध और जल चढ़ाकर रुद्राभिषेक करना चाहिए। कालसर्प दोष से पीड़ित व्यक्ति को कालसर्प दोष के नकारात्मक प्रभावों से बचने के लिए महाशिवरात्रि के साथ नाग पंचमी का व्रत भी करना चाहिए।








