Nag Panchami 2025 Puja: जबलपुर में भी नाग पंचमी का त्योहार भक्ति भाव के साथ मनाया जा रहा है। रवि और शिव योग इस दिन शिवपूजन के लिए अत्यंत शुभ माने गए हैं।
By Arvind Dubey
Publish Date: Tue, 29 Jul 2025 12:57:20 PM (IST)
Updated Date: Tue, 29 Jul 2025 12:57:20 PM (IST)
HighLights
- आज हो रही शिवजी के नागराज की आराधना
- अखाड़ों और नागबेली की पूजा की भी परंपरा
- गौरीघाट स्थित नागदेव मंदिर में उमड़ी भीड़
नईदुनिया प्रतिनिधि, जबलपुर: श्रावण मास के तीसरे सोमवार के बाद आज 29 जुलाई, 2025 को जबलपुर में शिवजी के कंठहार नागराज की पूजा का पावन पर्व नागपंचमी परंपरागत आस्था और धूमधाम के साथ मनाया जा रहा है। रवि योग के साथ शिव योग के शुभ संयोग में शहर के अनेक मंदिरों और अखाड़ों में नागदेवता का विशेष पूजन-अर्चन किया जा रहा है।
शहर के प्रमुख धार्मिक स्थलों पर सुबह से ही भक्तों का तांता लगा हुआ है। गौरीघाट स्थित नागदेव मंदिर में बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचकर नागदेवता का पूजन कर रहे हैं। यहां नागदेव को गुरु स्वरूप माना जाता है और गुलाब के पुष्प चढ़ाने का विशेष महत्व है।
इसके अतिरिक्त, तिलवाराघाट के प्राचीन नाग मंदिर और मार्कंडेय धाम आश्रम में भी भक्तों की भारी भीड़ है, जहां विशेष रूप से कालसर्प दोष निवारण के लिए अनुष्ठान किए जा रहे हैं। इन अनुष्ठानों का सान्निध्य विचित्र महाराज प्रदान कर रहे हैं।
चौरसिया समाज की अनूठी नागबेली परंपरा
चौरसिया समाज के लिए नागराज उनके इष्टदेव हैं, और वे पान को नाग देवता का स्वरूप मानते हैं। नागपंचमी के अवसर पर, चौरसिया समाज के लोग अपने पान के बरेजों की विशेष पूजा कर रहे हैं।
गौरीशंकर मंदिर पानदरीबा में भी चौरसिया समाज की ओर से सुबह से ही भगवान श्री का पूजन-अभिषेक, नागपूजा, ध्वजारोहण, आरती और हवन का आयोजन किया जा रहा है। वहीं जिले के गांधीग्राम, पान उमरिया, सिहोरा क्षेत्र के पान बरेजों में भी आयोजन होगा।
शुभ मुहूर्त और अखाड़ों का शौर्य प्रदर्शन
- ज्योतिषाचार्य पंडित सौरभ दुबे के अनुसार, नागपंचमी का पर्व उदयातिथि के अनुसार मनाया जा रहा है, और रवि व शिव योग इस दिन शिवपूजन के लिए अत्यंत शुभ माने गए हैं। नाग देवता की पूजा के लिए शुभ मुहूर्त सुबह 5:41 बजे से 8:23 बजे तक है।
- दोपहर में भी पूजा के लिए कई शुभ समय उपलब्ध हैं। शहर के विभिन्न अखाड़े भी इस अवसर को बड़े उत्साह से मना रहे हैं। वे शिवजी और विषधर का पूजन कर झंडा जुलूस निकाल रहे हैं, जिसमें पहलवान अपनी कला का प्रदर्शन कर रहे हैं और कई स्थानों पर दंगल भी आयोजित किए जा रहे हैं।
- गंगासागर के श्री सीताराम उस्ताद अखाड़ा में शाम पांच बजे से हनुमानजी महाराज का पूजन, हवन, अभिषेक और गुरुवंदना होगी, जिसके बाद पहलवानों का प्रदर्शन आकर्षण का केंद्र बनेगा। इसी तरह, गोरखपुर पीपल मोहल्ला के मेंहगू उस्ताद अखाड़ा में भी हनुमानजी का पूजन अर्चन किया जा रहा है, और तुलाराम चौक स्थित श्री विश्वकर्मा भगवान मंदिर में पूजन-अर्चन, प्रसाद वितरण और भजन का कार्यक्रम है।







