Support Parmarth TV.  You can send any amount on our UPI Id: 9643218008m@pnb. 

Gold-Silver Prices: 2,037 रुपए महंगी हुई चांदी, इतने बढ़ गए हैं सोने के दाम | Parmarth TV ‘लहरा दो तिरंगा’रैली से पहले पुलिस ने सीजेपी फाउंडर अभिजीत दीपके को थमाया प्रदर्शन नहीं करने का नोटिस | Parmarth TV पेट्रोल निर्यात पर टैक्स बढ़ा, डीजल पर भारी कटौती! – Naya India-Hindi News, Latest Hindi News, Breaking News, Hindi Samachar | Parmarth TV Donald Trump का फिर से बड़ा बयान, कहा- ईरान के खिलाफ परमाणु हथियारों का इस्तेमाल… | Parmarth TV LPG Prices: घरेलू और कमर्शियल सिलेंडरों की प्रमुख शहरों में आज ये हैं कीमतें | Parmarth TV Government Scheme: सरकार इस योजना में किसानों को दे रही है 36,000 रुपए तक की सब्सिडी , जान लें | Parmarth TV कांग्रेस सांसद Rahul Gandhi को नोटिस, सीजेआई सूर्यकांत ने कहा- कोई भी सुप्रीम कोर्ट को डराने या धमकाने की कोशिश… | Parmarth TV Aadhaar Card: फोटोकॉपी देने से पहले इन बातों का रखें ध्यान, नहीं तो हो सकता है इसका दुरुपयोग | Parmarth TV Gold-Silver Prices: एक दिन में 6,724 रुपए सस्ती हुई चांदी, सोना भी हुआ सस्ता | Parmarth TV भारत में प्रोटेस्ट के लिए अमेरिकी डोनर कर रहे CJP को फंडिंग, अमेरिकी सिंगर का दावा | Parmarth TV

Sawan 2025 Special: भोले का धाम जहां दर्शन मात्र से मिलता है चार धाम का आशीर्वाद… जानिए चांटीडीह शिव मंदिर के बारे में

Sawan 2025 Special: भोले का धाम जहां दर्शन मात्र से मिलता है चार धाम का आशीर्वाद… जानिए चांटीडीह शिव मंदिर के बारे में

धर्म डेस्क, इंदौर, Sawan 2025 Special। सावन का महीना (Sawan Ka Mahina) आते ही बिलासपुर के चांटीडीह शिव मंदिर में आस्था की बयार बहने लगती है। भगवान भोलेनाथ (Bholenath) के इस प्राचीन धाम में हर सोमवार (Sawan Somvar) भक्तों का सैलाब उमड़ पड़ता है। 102 वर्षों से सावन में यहां भक्तों का यह उत्सव जारी है, जो अब एक परंपरा ही नहीं, श्रद्धा और संस्कृति का जीवंत प्रतीक बन चुका है।

सावन का पहला सोमवार हो या अंतिम हर दिन शिवलिंग पर जलाभिषेक करने वालों की लंबी कतारें मंदिर प्रांगण को भक्तिमय वातावरण से भर देती हैं। कहते हैं कि यहां भोलेनाथ पर जल चढ़ाने से मनोकामनाएं अवश्य पूरी होती हैं।

दूर-दराज से आने वाले श्रद्धालु न सिर्फ पूजा-अर्चना करते हैं, बल्कि इस ऐतिहासिक मंदिर की महत्ता को भी महसूस करते हैं। चांटीडीह शिव मंदिर की नींव 1923 में मंगली प्रसाद सोनी ने रखी थी।

चारों धाम की यात्रा के बाद उन्होंने इस मंदिर का निर्माण करवाया। इससे श्रद्धालुओं को एक ही स्थान पर चारों धाम का आशीर्वाद प्राप्त करने का सौभाग्य मिलता है। आज यह मंदिर न केवल क्षेत्र का धार्मिक केंद्र है, बल्कि सांस्कृतिक विरासत का प्रतीक भी है।

naidunia_image

यहां भी क्लिक करें – कब है रक्षाबंधन 8 या 9 अगस्त? जानें राखी बांधने का शुभ मुहूर्त और भद्रा का समय

वर्ष 2008 में इसका जीर्णोद्धार किया गया और 2023 में इस ऐतिहासिक मंदिर ने अपनी 100वीं वर्षगांठ भी पूरी की। सावन भर मंदिर परिसर में लगी रहती है मेले जैसी भीड़ी: सावन में मंदिर समिति द्वारा भक्तों के लिए जलाभिषेक की विशेष व्यवस्था की जाती है।

मंदिर के मूल गर्भगृह और प्राचीन स्थापत्य को सुरक्षित रखते हुए चारों ओर से नवनिर्माण भी किया गया है, जिससे सुविधाएं बढ़ी हैं पर परंपरा की गरिमा बनी रही है। पूरे सावन भर मंदिर परिसर में मेले जैसा वातावरण रहता है।

Trending News